21 दिन में आदतों को बदलें | 21 days life rule psychology in hindi

21 दिनों के मनोविज्ञान अवधारणा | 21 days life rule psychology in hindi


21 दिनों के मनोविज्ञान अवधारणा | 21 days life rule psychology in hindi

21 दिनों के मनोविज्ञान अवधारणा | 21 days life rule habit theory in hindi


दोस्तों prankish entrepreneur and Author, sir Johan hargrave कहते हैं कि सिर्फ 21 दिनों में हम अपने दिमाग को हैक करके उसे रिप्रोग्राम कर सकते हैं और अपने दिमाग से हम हर वह काम करवा सकते हैं जो हम चाहते हैं। यानी कि 21 दिन आपका माइंड आपको नहीं बल्कि आप अपने माइंड को कंट्रोल करने वाले हो और आप पहले से ज्यादा focused और positive फील करोगे और इसके लिए आपकी मदद करेगी सर जॉन हरग्रेव की बुक mind hacking क्योंकि इस बुक के जरिए Author हमें कुछ माइंड गेम और कुछ माइंड हैक सिखाते हैं जो कि इस प्रकार हैं healthy pattern of concentration ओर meta thinking को बनाने में और वह माइंड गेम और माइंड हैकिंग कुछ इस प्रकार हैं। सबसे पहले देखते हैं कि 21/90 रूल आपकी इसमें किस तरह मदद कर सकता है।


21 दिन में आदतों को बदलें | 21 days life rule psychology in hindi 


1.) 21/90 rule


अगर आप अपनी किसी अच्छी आदत को अपनी लाइफ का हिस्सा बना कर अपनी क्वालिटी ऑफ लाइफ को सुधारना चाहते हैं तो 21/90 का रूल इसमें आपकी मदद कर सकता है यह रूल कहता है कि किसी भी आदत को बनाने में या छोड़ने में 21 दिन लगते हैं और उसे लाइफ स्टाइल बनाने में 90 दिन कुछ ऐसे ही 21/90 रूल है जिसकी मदद से आप अपने जीवन का हिस्सा बना कर अपने जीवन को बेहतर बना सकते हैं तो जानते हैं कुछ तरीके जिनसे आप अपनी लाइफ स्टाइल को बेहतर बना सकते हैं।


रोज सकारात्मकता ढूंढे और उसे लिखें


हर दिन कोई एक पॉजिटिव बात ढूंढे और उसे लिख ले वह ऑफिस या किसी काम की उपलब्धि भी हो सकती है इस तरह हर दिन कोई एक सकारात्मक बात को आपको अपनी डायरी में लिखना है। 21 दिन ऐसा कर लेने के बाद 90 दिन तक ऐसा करना जारी रखें। ऐसा कर आप देखेंगे कि आप के आस पास हो रही घटनाओं से आप कुछ पॉजिटिव ढूंढ रहे हैं ओर नेगेटिविटी से दूर हो रहे हैं।


तीन ऐसे क्षेत्र ढूंढे जहां सुधार करना हो


अपने जीवन की ऐसी 3 समस्याओं का पता लगाएं जहां आपको लगता है कि आपको ज्यादा काम करने की जरूरत है उनमें से जो सबसे ज्यादा जरूरी हो उस पर फोकस करें और थोड़ा थोड़ा काम रोज उस पर करें 21 दिन ओर फिर 90 दिनों के बाद आप अपनी अपनी समस्या पर ध्यान देना शुरू करें इस तरह आप अपनी समस्याओं को भी दूर कर पाएंगे।


2.) कल्पना करने वाले खेल (imagination games)


Author बताते हैं कि सारे नेगेटिव इमोशंस को हटाने का सबसे best way है, अपनी लाइफ में पॉजिटिव इमोशन को ज्यादा add करना जिसे करने के लिए Author हमें कुछ गेम्स बताते हैं जिससे कि आप अपने मूड को बेहतर कर सकते हो और ज्यादा कॉन्फिडेंट और पॉजिटिव फील कर सकते हो।


5 words - इस गेम में आपको पांच ऐसे word लिखने हैं जिससे कि लोग मरने के बाद आपको याद रखें कि आप कितने हार्ड वर्किंग, स्ट्रांग और ऑनेस्ट पर्सन थे तो उस दिन को इमेजिन करते हुए आप ऐसे वर्ड्स लिखो जो आपकी नजरों में आप की वैल्यू बढ़ाए।


10 मिलियन डॉलर चेक - यह एक सच्ची कहानी से प्रेरित है जहां एक कॉमेडियन एक्टर जिम कैरी अपने करियर की स्टार्टिंग में स्ट्रगल कर रहे थे तब उन्होंने खुद को एक 10 मिलियन डॉलर का चेक साइन करके दिया। तब उन्होंने सोचा था कि एक दिन जब उन्हें अपने काम के 10 मिलियन डॉलर मिलेंगे तब उन्हें कितना अच्छा फील होगा इससे उनके सारे नेगेटिव इमोशन पॉजिटिव मैं कन्वर्ट हो गए आप भी अपने बारे में कुछ ऐसा लिखो और उन्हें रोज पढ़ो जो कि आपको भी इंस्पायर्ड करेगा और आपके सबकॉन्शियस माइंड में भी यह चलता रहेगा।


स्माइलिंग इन द शावर - जब भी आप अपनी जिंदगी में बुरा या दुखी महसूस कर रहे हो तो Author कहते हैं कि इस समय आप को जबरदस्ती ही स्माइल करना चाहिए जो आपको उसी समय अच्छा फील कर आता है। क्योंकि जब भी कोई हैप्पी फील करता है तो उसके चेहरे पर स्माइल होती है इसलिए जब भी आप जबरदस्ती स्माइल करते हो तो आपके ब्रेन ब्रेन को लगता है कि आप हैप्पी हो और वह सारे नेगेटिव इमोशंस को पॉजिटिव कर देता है। यकीन नहीं होता तो अभी कर के देख लो अभी एक बड़ी सी स्माइल अपने फेस पर लाओ और अब बताओ कैसा लगा। 😊


3.) आपके लिए सबसे बेहतर चीज़


कुछ कॉलेज स्टूडेंट पर रिसर्च करी गई जिसमें उनसे कहा गया कि वह 10 साल बाद अपनी लाइफ कैसे इमेजिन करते हैं। वह अपने आप को किस पोजीशन में देखते हैं अगले 10 साल में वह क्या-क्या प्राप्त कर चुके होंगे उन्हें हर रोज इसके बारे में 20 मिनट लिखना है।

और हैरानी वाली बात यह है कि सिर्फ 3 दिन में ही उनके मूड मैं कई सकारात्मक बदलाव देखे गए और वह काफी प्रोडक्टिव हो गए author कहते हैं कि फ्यूचर को लेकर हमारे vision में एक pull power होनी चाहिए। जब भी हम अपने फ्यूचर के बारे में सोचें तो हम उत्सुकता महसूस करें हमें यह फील होना चाहिए कि फ्यूचर हमारे लिए कितना बेटर होने वाला है। हम कितनी बेटर लाइफ deserve करते हैं जो हमें अपने आप ही उस फ्यूचर को बनाने के लिए मोटिवेट करता है। और यह ट्रिक सच में बहुत ही इफेक्टिव है कई लोगों ने इस ट्रक को अपनी लाइफ में implement किया है और रिजल्ट काफी बेहतर मिले हैं। 


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आप भी हर दिन सिर्फ 5 मिनट अपने 10 years visions के बारे में लिखकर स्टार्ट कर सकते हो वह सब लिखो जो आप पाना चाहते हो आप किसके साथ अपनी लाइफ बिताना चाहते हो, आपकी बैंक में कितना बैलेंस होगा, आप दुनिया के किस कोने में हो और आप अपनी लाइफ को कितना इंजॉय कर रहे हो बेसिकली आप अपनी लाइफ में कितना खुश हो।


जब आप अपने वर्तमान समय को देखते हो जहां आपको इतनी समस्या है, आपका दिमाग आपके कंट्रोल में नहीं है आपको अपनी आदतों से छुटकारा नहीं मिल पा रहा। वहीं आपका फ्यूचर विजन कितना बेटर है जो आपके Hope muscles को ट्रेन करेगा और आपको मोटिवेटेड रखेगा।


4.) अपने दिमाग को डिबग करना (debugging your mind)


अगर आप एक हैकर हैं और आप एक कोड पर काम कर रहे हैं तो आपको उस कोड से सभी bugs को हटाना होगा जैसे एक कंप्यूटर प्रोग्राम में bugs होते हैं जो बार-बार error दे रहे होते हैं बिल्कुल उसी प्रकार अगर आप अपने दिमाग को हैक करना चाहते हो तो आज आपको अपने दिमाग को Debug करना होगा।


Author कहते हैं हम सभी के अलग-अलग mental bugs होते हैं जो हमें आसानी से दिखाई नहीं देते यह हम सामान्यतः उन्हें इग्नोर करते रहते हैं अपने दिमाग को debug करने के लिए author एक सरल रास्ता बताते हैं आपको अपनी लाइफ के उन area को देखना होता है जो काम नहीं कर रहे होते जहां आपको दर्द महसूस हो रहा है वह चाहे तो आपकी health हो सकती है, आपकी रिलेशनशिप या फिर फाइनेंसियल प्रॉब्लम या फिर डिप्रेशन आदि। अब आपको जिस एरिया पर काम करना है उसे चुनो और देखो कि आप उस एरिया के बारे में खुद को बार-बार क्या story सुनाएं जा रहे हो इसका मतलब यह है कि हमें बार-बार उसे समझने के बाद उसके जो नेगेटिव थॉट है उसे रिमूव कर के उसे पॉजिटिव थॉट में बदलना है।


➡ अपने दिमाग को सफलता के लिए प्रेरित करें


जैसे कि आपकी health अच्छी नहीं है और आप बार-बार खुद से यह कहते रहते हो कि अरे यार आज तो फिर जिम जाना पड़ेगा, मैं आज बहुत थक गया हूं, रनिंग करने की एनर्जी नहीं है, मुझे एक्सरसाइज पसंद नहीं है।

अब आप जब भी एक्सरसाइज करने के बारे में सोचेंगे तब यह नेगेटिव थॉट एक्टिव हो जाएंगे और आप कभी एक्सरसाइज कर ही नहीं पाएंगे वहीं अगर आप अपने आप को कहोगे कि एक्सरसाइज करने से मुझे पॉजिटिव फील होता है एक्सरसाइज करने के बाद मुझे बहुत Energetic महसूस होता है और ऐसे पॉजिटिव थॉट आपके लिए पॉजिटिव थॉट एक्टिव करेंगे जिससे आप automatically action लेने लगोगे।


5.) एक चीज़ जो आकर में हो (Get in shape)


दोस्तों अगर हम आपसे पूछे कि कोई अपनी फिजिकल हेल्थ बेहतर करना चाहता है तो आप क्या कहोगे आप कहोगे कि उसे जंक फूड नहीं करना चाहिए, उसे रेगुलर एक्सरसाइज करना चाहिए और एक हेल्थी डाइट फॉलो करना चाहिए।


लेकिन जब मेंटल हेल्थ की बात आती है तो ज्यादातर लोगों को पता नहीं होता कि अपनी बॉडी की तरह अपनी मेंटल हेल्थ की भी केयर किस तरह की जाती है। अगर आप अपने शरीर पर एक अच्छी बॉडी चाहते हो तो आपको पता होता कि उसके लिए आपको फिजिकली कितनी है मेहनत करनी पड़ेगी। उसी प्रकार अगर आप highly focused और productive mindset प्राप्त करना चाहते हो तो उसके लिए भी आपको ही healthy mental diet फॉलो करनी पड़ेगी यह करने के लिए आपको अपने दिमाग को reclaim और retrain करना पड़ेगा।


Reclaim - अपने दिमाग को Reclaim करने का मतलब आपनी सारी Attention को save करो उन सारी चीजों को अवॉइड करो जहां आपका ब्रेन ऑटोमेटिकली जाने लगता है जिसे करने के लिए आपको अपने सारे डिस्ट्रेक्शन को reduce करना होगा। अपने सारे सोशल मीडिया की नोटिफिकेशन को ऑफ कर दो या फिर उससे भी बेहतर है कि इन एप्स को डिलीट ही कर दो अपना जरूरी काम करते समय अपने फोन को साइलेंट करके साइड में रख दो और भी बहुत कुछ। आप खुद ही देखो कि आप किन चीजों से distract होते हो और उन सब चीजों को अपनी लाइफ से हटाओ।


Retrain - अपने ब्रेन को retrain करने के लिए author कहते हैं कि आपको माइंड गेम्स खेलना होंगे माइंड गेम से author का मतलब है, मेडिटेशन अब क्योंकि मेडिटेशन लोगों को बहुत ही स्प्रिचुअल और बोरिंग काम लगता है तो author कहते हैं कि मेडिटेशन को एक माइंड गेम की तरह देखो author एक मजेदार गेम भी बताते हैं जिसे वह नाम देते हैं एलियन ब्लास्टर जहां आप बैठ कर अपनी सांसो पर फोकस कर रहे हो और ऐसे ही आपके दिमाग में कोई विचार आता है तो आप उस विचार को इस तरह से देखो कि जैसे वह एक एलियन हो और उसे ब्लास्ट कर दो और आप अपना attention वापस अपनी सांसो पर ले आओ जिससे आप अपने ब्रेन की concentration muscels को स्ट्रांग कर रहे हो जो आपको और focused और productive बनाएगा।


6.) क्या रास्ता है (what's the way)


फुटबॉल के कोच Pete carroll से जब पूछा गया कि वह अपने एथलीट को कैसे ट्रेन करते हैं जिससे वह कंसिस्टेंटली इतना बेहतर परफॉर्म करते रहते हैं। तो उन्होंने बताया कि वह अपने एथलीट से कहते रहते हैं कि वह अपनी पीक परफॉर्मेंस को इमेजिन करें जहां वह गेम में अपना बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं वह उस सिचुएशन में है जहां उन्हें जल्दी ही कोई डिसीजन लेना है। वह सब कुछ बेस्ट कर रहे हैं और वह इस स्टेट ऑफ माइंड में कैसा फील कर रहे हैं। इसके बाद वह उनसे पूछते हैं what's in the way मतलब की उनके बेस्ट को करने में उन्हें क्या रोक रहा है उस पर फोकस करो।


Author कहते हैं कि आप भी अपने परफेक्ट दिन को इमेजिन करो इमेजिन करो कि आप हाईली प्रोडक्टिव हो आप बहुत ही हैप्पी फील कर रहे हो और वह आपकी लाइफ का एक जस्ट नॉर्मल दिन है लेकिन आप उसे अपना बेस्ट day बनाने के लिए अपना हंड्रेड परसेंट दे रहे हो और बहुत ज्यादा खुश हो। 

अब सोचो कि ऐसी कौन सी चीज है ओर ऐसे कौन से विचार हैं जो आपके इस दिन को बेस्ट बनने से रोक सकते हैं और हर दिन ट्राई करो कि आप अपने दिन को बेस्ट बनाओ। जो भी चीजें आपके इस परफेक्ट डे के बीच में आती है उन्हें अवॉइड करो। अपना एक डेली शेड्यूल बनाओ जहां पर आप सुबह से लेकर शाम तक क्या क्या करने वाले हो और आप क्या-क्या नहीं करने वाले हो। 


जैसे कि आप अपने परफेक्ट डे की स्टार्टिंग सुबह जल्दी उठने से करते हो जहां आप फुल Energetic रहते हो, मेडिटेशन करते हो एक्सरसाइज करते हो, जो आपको कितना अच्छा फील कर आता है पर आपने देखा होगा कि अगर आप रात को जल्दी नहीं सो पाओगे तो आप अपनी मॉर्निंग को परफेक्ट नहीं बना पाओगे तो आप अपने सोने के टाइम को सेट करो क्योंकि वह आपके perfect day के बीच में आ रहा है।


तो इन टेक्निक को हर दिन 21 दिन तक add करने से आप अपनी लाइफ में कई सकारात्मक बदलाव देखोगे जैसा कि author कहते हैं कि अब आपका माइंड आप को कंट्रोल नहीं कर रहा होगा आप अपने माइंड को कंट्रोल कर रहे होंगे।


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