न्यूटन के बारे में जानकारी और ज़िंदगी से जुड़े तथ्य - Fact about newton's life hindi

न्यूटन के बारे में जानकारी और तथ्य - Fact about newton's life Hindi


न्यूटन की ज़िंदगी से जुड़ी जानकारी ओर तथ्य - Fact about Newton's life in hindi

न्यूटन की ज़िंदगी से जुड़ी जानकारी ओर तथ्य - Fact about Newton's life in hindi


सर आइज़क न्यूटन वह साइंटिस्ट थे जिन्होंने अकेले अपने दम पर मॉडल साइंस का नक्शा बदल कर रख दिया, आज न्यूटन सबसे महान वैज्ञानिकों में से एक माने जाते हैं इस पोस्ट में आप ऐसी बातें जानेंगे जो आपने पहले ही शायद कभी इस वैज्ञानिक के बारे में सुनी होंगी।

• हम बचपन से ही एक कहानी सुनते आए हैं कि 1 दिन न्यूटन सेब के पेड़ के नीचे बैठे थे और एक सेब टूट कर उनके सर पर आ लगा तो न्यूटन ने सोचा कि यह सब इधर उधर या फिर ऊपर ही क्यों नहीं गया यह नीचे ही क्यों गिरा और चांद भी तो ऊपर रहता है वह कभी नीचे क्यों नहीं गिरता तो न्यूटन ने सोचा इस धरती पर कोई ना कोई बल(फोर्स) जरूर है जो चीजों को अपनी और आकर्षित करता है और यहीं से न्यूटन को गुरुत्व(ग्रैविटी) का आईडिया आया अब इस कहानी के पीछे बहुत सी राय हैं।

• बहुत से वैज्ञानिक कहते हैं कि यह सिर्फ बाद में बनाई गई एक कहानी है और एक फ्रेंच राइटर ने इस कहानी को पॉपुलर किया है बहुत से वैज्ञानिक कहते हैं कि यह कहानी बिल्कुल सच है लेकिन सेब उनके सर पर नहीं उनके आगे गिरा था कहा यह भी जाता है कि वह सेब के पेड़ के नीचे नहीं बैठे थे बल्कि अपने घर की खिड़की से उस पेड़ को देख रहे थे और तब गिरते सेब को देखकर उन्हें गुरुत्व(ग्रैविटी) का आईडिया आया।

• अब ऐसे भी सबूत उपस्थित हैं जो इस कहानी को सच साबित करते हैं ज्यादातर वैज्ञानिक मानते हैं की न्यूटन ने यह सारी घटना को अपने ही समय के एक वैज्ञानिक और लेखक विलियम्स ट्यूकली को बताया था  विलियम्स ट्यूकली उन सभी लेखकों में से एक हैं जिन्होंने सबसे पहले न्यूटन की लाइफ के बारे में लिखा है जो बुक्स ट्यूकली ने लिखी थी उसका नाम है “मेमर्स ऑफ़ सर आइज़क न्यूटन लाइफ” 

• एप्पल कंपनी का जो सबसे पहला लोगो था उसमें न्यूटन की तस्वीर थी। इस लोगो में न्यूटन के उसी पल को दिखाया गया था जिस पल वह एप्पल ट्री के नीचे बैठे थे और एप्पल उनके सर पर आ गिरता है और उन्हें गुरुत्व (ग्रेविटी) का आईडिया आता है।

• 1665 में इंग्लैंड के कैंब्रिज शहर में, प्लेग की बीमारी फैल गई थी उस वक्त न्यूटन वहां के ट्रिनिटी कॉलेज में पढ़ाई कर रहे थे न्यूटन और उनके साथ पढ़ने वाले सभी छात्रों को प्लेग से बचने के लिए उनके घर रवाना कर दिया गया और यही समय न्यूटन की जिंदगी का सबसे प्रोडक्टिव समय बना यही वह समय था जब उन्होंने कैलकुलस का आविष्कार किया और वह चीज हमें दी जिसे आज हम न्यूटनी फिजिक्स कहते हैं।

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• न्यूटन ने कई सालों तक अपनी खोज को दुनिया से छुपाए रखा कई सालों तक उन्होंने इन खोज के बारे में किसी को भी नहीं बताया शायद उन्हें इस बात का डर रहा होगा कि लोग उनकी की गई खोजों को सही नहीं मानेंगे।

• एक साइंटिस्ट होने के बावजूद भी वह बड़े धार्मिक इंसान थे उन्होंने खुद लिखा है कि ग्रेविटी हमें ग्रहों की गति के बारे में बताती है लेकिन यह नहीं बता सकती कि इन ग्रहों को गति में किसने सेट किया है ईश्वर सभी चीजों को नियंत्रित करता है और जानता है कि क्या है, और क्या किया जा सकता है।

• आपको जानकर हैरानी होगी कि एक धार्मिक व्यक्ति होने के बावजूद और ईश्वर पर विश्वास रखने के बावजूद न्यूटन भूत, आत्मा, और शैतान आदि पर विश्वास नहीं करते थे।

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न्यूटन का बाइबिल को लेकर बहुत जुनून था वह बाइबिल को बड़ी गहराई से पढ़ते थे यहां तक कि साइंस से ज्यादा उन्होंने धर्म और इतिहास के बारे में लिखा है।

• बाइबल पढ़ने की वजह से ही उन्होंने कुछ चीजों की भविष्यवाणी भी की न्यूटन ने अनुमान लगाया था कि जीसस को सूली पर वास्तव में 3 अप्रैल 33 AD को दी गई थी।

• न्यूटन के अनुमान के मुताबिक यह दुनिया 2060 से पहले खत्म नहीं होगी।

• कहा जाता है कि न्यूटन ने यह पहले ही बता दिया था कि यहूदी इजरायल को फिर से हासिल करेंगे और उनकी यह भविष्यवाणी सच साबित हुई।

• बाईबिल को लेकर उनका जुनून इतना ज्यादा था कि वह बस इसलिए Hebrew भाषा को सीखने चले गए कि उन्हें बाइबिल में छिपे गूढ़ अर्थ समझना था आपको जानकर यह हैरानी होगी कि जिस न्यूटन को आज हम महान साइंटिस्ट के तौर पर देखते हैं उसी न्यूटन ने अपनी जिंदगी का आधे से ज्यादा टाइम साइंस पर काम करने के बजाय धर्म के गूढ़ अर्थों को जानने में लगा दिया।


• जिस साल ग्रेट साइंटिस्ट गैलीलियो की मृत्यु हुई थी उसी साल सर आइज़क न्यूटन का जन्म हुआ था।

• जब न्यूटन का जन्म हुआ तब वह नॉर्मल नहीं थे उनका आकार और वजन बहुत कम था वह समय से पहले पैदा हुए थे उनकी मां ने बताया था कि उनका आकार इतना कम था कि वह एक छोटे से मग में समा सकते थे इसलिए उनकी जिंदा बचने की उम्मीद बहुत कम थी।

आइज़क न्यूटन के पिता का नाम भी आइजक न्यूटन ही था।

• न्यूटन के जन्म के 3 महीने पहले ही उनके पिता की मृत्यु हो गई थी।

• न्यूटन ने आजीवन शादी नहीं की थी

• न्यूटन की मां चाहती थी कि वह एक किसान बने उनका जन्म भी एक किसान वाली फैमिली में हुआ था लेकिन न्यूटन को किसानी करना बिल्कुल पसंद नहीं था।

• न्यूटन ही वह साइंटिस्ट थे जिन्होंने बताया था कि पृथ्वी गोल नहीं बल्कि अंडाकार है।

• जिस पेड़ से न्यूटन को ग्रेविटी का आइडिया आया था उस पेड़ का वंशज आज भी इंग्लैंड में मौजूद है हालांकि जो ओरिजिनल पेड़ था वह 1815 - 1820 मैं नष्ट हो गया था इस एप्पल ट्री का साइंस के इतिहास में बड़ा महत्व है क्योंकि इसी एप्पल ट्री से न्यूटन ने एप्पल को गिरते देखकर ग्रेविटी को खोजा था।

इसी एप्पल ट्री की लकड़ी का टुकड़ा सर आइज़क न्यूटन की तस्वीर के साथ अंतरिक्ष में भी भेजा जा चुका है ताकि न्यूटन ने आज हमें और साइंस को जो दिया है उसके लिए उनका आभार व्यक्त किया जा सके और उस एप्पल ट्री को जीरो ग्रेविटी का एहसास कराया जा सके आज अगर न्यूटन जिंदा होते तो यह देखकर वह बहुत खुश होते हैं।

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